Romantic

Ek hi khwaab – Kinara

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Song Info

Movie/Album: Kinara



Release: 1977

Music Director: R.D.Burman
Lyrics Gulzar
Singers: Bhupendra

Lyrics in Hindi
एक ही ख्वाब
कई बार
देखा है मैने
तूने साड़ी में
उर्स ली है
मेरी चाबियाँ
घर की
ओ ओ और चली आई है
बस यूँही
मेरा हाथ पकड़ कर
ह्म?
एक ही ख्वाब
कई बार
देखा है मैने

तीकु?

मेज़ पर फूल
सजाते हुवे
देखा है
कई बार
मेज़ पर फूल
सजाते हुवे
देखा है
कई बार
और बिस्तर से
कई बार
जगाया है
तुझको
चलते फिरते
तेरे
कदमों की
वो आहत भी
सुनी है
ह्म?
एक ही ख्वाब
कई बार
देखा है मैने

क्यूँ?चिट्ठी है या कविता?

अभी तक तो कविता है

ला ला
ला ला
ह्म ह्म

गुनगुनाती हुई
निकली है
नहा के
जब भी
गुनगुनाती हुई
निकली है
नहा के
जब भी
और
अपने भीगे हुवे
बालों से
टपकता पानी
मेरे चेहरे पे
छिटक देती है
तू तीकु की बच्ची
एक ही ख्वाब
कई बार
देखा मैने

ताश के पत्तों पे
लड़ती है
कभी कभी
खेल में
मुझ से
हन आ आ
ताश के पत्तों पे
लड़ती है
कभी कभी
खेल में
मुझ से
और कभी लड़ती भी है
जैसे के बस
खेल रही है
मुझ से
और
आगोश में
नन्हे को लिए
विल योउ शूट उप?
ला ला ला
ह्म ह्म ह्म
ला ला ला
ला ला ला ला
ला ला ला
ह्म ह्म ह्म
ला ला ला
ह्म ह्म ह्म
ला ला ला ला

ला ला ला ला
और जानती हो तीकु
जब तुम्हारा ये ख्वाब देखा था
अपने बिस्तर पे मैं
उस वक़्त
पड़ा जाग रहा था

Song Trivia

Official Video

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Avid music lover and Dev Anand fan

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